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Latest 2020 शायरी : जिक्र और फ़िक्र बयान कर देती हैं कि कोई शख्स हमारे….

Latest शायरी   जिक्र और फ़िक्र बयान कर देती हैं कि कोई शख्स हमारे ज़िंदगी में कितना महत्वपूर्ण है..!   आधी ज़ुल्फ़ें कांधों पर बाकी गालों पर बिखराये… पेड़ों के झुरमुट में जैसे “आधा चाँद” नज़र आये…   खामोश रहने का अपना ही मजा है AD Advertise With Us Reach your target audience with premium


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Latest शायरी

 

जिक्र और फ़िक्र बयान कर देती हैं कि कोई शख्स हमारे ज़िंदगी में कितना महत्वपूर्ण है..!

 

आधी ज़ुल्फ़ें कांधों पर बाकी गालों पर बिखराये…

पेड़ों के झुरमुट में जैसे “आधा चाँद” नज़र आये…

 

खामोश रहने का अपना ही मजा है

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नींव के पत्थर कभी बोला नहीं करते

 

आग की इच्छा दिल जलाने की थी

मैंने अपना दिल पानी का बनाया

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ये शेरो शायरी हारे लोगों की कहानियाँ है….

जो जीत गया उसे फ़ुरसत कहाँ लिख़ने की…

 

वो कहते थे…….

वक़्त के साथ हर सख्श बदल जाता है…

छोड़ कर मुझे उन्होंने ये सिद्ध भी किया।।

 

वो इश़्क नहीं हमसे कारोबार कर रहे थे……..

जब फुर्सत में थे तभी प्यार कर रहे थे……..

 

बहुत सोचा बहुत समझा, बहुत ही देर तक परखा।

कि तन्हा हो के जी लेना, मोहब्बत से तो बेहतर है।।

 

जिंदगी के हसीन पल

 बस यूं ही गुजर गए ।

याद रह गई बातें तेरी

और हम बिछड़ गए ।।

 

कीजिए अपनी  निगाहों  को एक चेहरे का पाबन्द,

हर सूरत पे लुट जाना तौहीन-ए-वफा होती है..

सोचा था आज कुछ तेरे सिवा सोचूँ..!!

तब से सोच में हूँ कि और क्या सोचूँ….

 

करते हैं आप हमें नज़र अन्दाज़ मगर अन्दाज आपका अच्छा है..

 रात कैसी होगी नहीं मालूम मगर शाम का आग़ाज़ अच्छा है…

 

आंच देते हुए अंगारे तो देखे होंगे.!

कभी देखा है कोई ग़म से सुलगता चेहरा.!

 

फिजायें खुद बिखेरेंगी महक मेरी दास्तां की,,,, 

हवा में गुम हो जाऊँ वो खुशबू नही हूँ मैं…!!!!

 

कोई तो बात है हमारी उदास आखों में ….

हम लाख हँस कर मिलें सो ग्वार लगते हैं…

 

 

दिल को पानी में रख दिया मैंने!!

आग जैसी थी,ख्वाहिश इसकी!!

 

चल रात कें आँचल में कुछ सितारे टाँक आयें..

हमें पता है मोहब्बत का नगर थोड़ा झाँक आयें..

 

तुम जनसंख्या सी बढ़ी हुई,

में अर्थव्यवस्था सा खस्ता हाल प्रिये,

तुम विश्व बैंक सी हो समृद्ध,

मैं यस बैंक सा कंगाल प्रिये..!

 

 

आना कभी अकेले मे ऐ दोस्त,, तुम से कुछ बातें कहनी है।

कुछ तुम्हारी पुछनी है तो कुछ तुम्हारी तुम्हे ही बतानी है।।

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